जून 16

कुलपति उवाच  03    संवेग व्याकुलता है       के.एम. मुनशी अध्यक्षीय 04    हृदय और मन की पवित्रता       सुरेंद्रलाल जी. मेहता पहली सीढ़ी 11    अनुवाद       मारिन  सोरेस्क्यू आवरण-कथा 12    जंगल जंगल पता चला है       सम्पादकीय 14    चुनौतियां वन्य-जीवन की…

अक्टूबर 2017

एक नज़र कुलपति उवाच  03    चरखे का दर्शन       के.एम. मुनशी अध्यक्षीय 04    संदेह       सुरेंद्रलाल जी. मेहता पहली सीढ़ी 11    लीक पर वे चलें       सर्वेश्वरदयाल सक्सेना आवरण-कथा 12    उजास बांटते चलो       सम्पादकीय 14    उजास बांटने की संस्कृति …

मई 2017

कुलपति उवाच  03    भावना का प्रथम सोपान       के.एम. मुनशी अध्यक्षीय 04    हर मिनट में होते हैं साठ सेकेंड       सुरेंद्रलाल जी. मेहता पहली सीढ़ी 11    त्राण       रवींद्रनाथ ठाकुर आवरण-कथा 12    मानुष की जात       सम्पादकीय 14    क्या `मानुष…

जून 2017

कुलपति उवाच  03     सत्व, रजस और तमस        के.एम. मुनशी अध्यक्षीय 04     योग        सुरेंद्रलाल जी. मेहता पहली सीढ़ी 11     प्रदूषण        गोविंदचंद्र पाण्डे आवरण-कथा 12     तितली को कब देखा था आखिरी बार?        सम्पादकीय 15     आइए, प्रकृति से दोस्ती…

मैं जोहिला – प्रतिभू बनर्जी

`नर्मदा‘ व `सोन या शोणभद्र‘ के अतिरिक्त `जोहिला‘ वह तीसरी महत्त्वपूर्ण नदी है, जो मध्य भारत के मेकल पर्वतश्रेणी स्थित अमरकंटक पहाड़ के पठार से निकली है. पुराणों में जोहिला को ज्योतिरथा के नाम से भी पुकारा गया है.  पुरातन…

फरवरी 2017

कुलपति उवाच  03     तब बुद्धि का बल बढ़ता है        के.एम. मुनशी अध्यक्षीय 04     अवसाद पर नियंत्रण        सुरेंद्रलाल जी. मेहता पहली सीढ़ी 11     प्रार्थना        लुइस कने आवरण-कथा 12     विज्ञान और हम        सम्पादकीय 14     ताकि विज्ञान विश्व-दृष्टि निर्मित…